कुछ आम ,कुछ-खास ले कर जा रहा हूँ मैं
शिक्षकों की डांट-फटकार और दोस्तों का प्यार ले कर जा रहा हूँ मैं
गुरुओं का ज्ञान और उनके विचार ले कर जा रहा हूँ मैं
खाली हाथ आया था ,अब बहुत कुछ साथ ले कर जा रहा हूँ मैं ...
वो proxy के msg की लम्बी list ले कर जा रहा हूँ मैं
वो exam रात की पढाई और submissions deadline पर submit करने की कला ले कर जा रहा हूँ मैं
fail होने की आशंका पर दोस्तों की सांत्वना का इकरार ले कर जा रहा हूँ मैं
कभी अच्छे marks आ जाने पर दोस्तों की पार्टी-पार्टी की पुकार ले कर जा रहा हूँ मैं
खाली हाथ आया था ,अब ज्ञान,मान-सम्मान और आप सब का प्यार ले कर जा रहा हूँ मैं...




